हम सभी अक्सर उन कामों से बचना चाहते हैं जिससे कोई फायदा नहीं हो। इसी प्रकार राघवेंद्र ने भी प्रेम से जुड़ी हुई कुछ बातों का जिक्र अपनी कविता में की है।
प्यार को जताने से क्या फायदा।
बेवजह मुस्कराने से क्या फायदा।बारिश में भीग जाने से क्या फायदा ।
यूं दिल को बहलाने से क्या फायदा।सुना है वो घर से निकलते तक नही।
तो उस तरफ आने जाने से क्या फायदा।बढ़ती गयी है दूरियां दिलो की।
तो नजदीक जाने का क्या फायदा।जब महसूस न हो मोहब्बत।
तो दिल लगाने से क्या फायदा।बात हमारी जो सुनने को तैयार नही।
बात उनको फिर बताने से क्या फायदा।दिल के जज्बातों को दिखाने से क्या फायदा।
प्यार को जताने से क्या फायदा।~ राघवेंद्र ‘राज’
हिन्दी बोल इंडिया के फेसबुक पेज़ पर भी कलमकार की इस प्रस्तुति को पोस्ट किया गया है। https://www.facebook.com/hindibolindia/posts/387347785505733
Post Code: #SwaRachit136
Leave a Reply