Tag: SWARACHIT825B

  • प्रलय

    प्रलय

    कह गये राम सिया से- ऐसा कलयुग आयेगा, सांस-सांस पर टैक्स लगेगा, बस लट्ठों का उपहार मिलेगा। भोजन का अम्बार तो होगा, पर दाने-दाने को मनुज तरसेगा। भीषण महामारी में भी भ्रष्टाचार पनपेगा। सांपों में जहर न होगा पर आदमी जहर उगलेगा। रक्षक भक्षक बन जायेंगे झूठा देशधर्म का पाठ पढ़ायेंगे। सारे चोर-लुटेरे … भारत…